ग्रामीण सत्ता पंचायतीराज संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष विवेक चन्द्र अवस्थी ने वीर शहीद की गौरवगाथा को किया नमन
“कैप्टन बत्रा का बलिदान भारत का गौरव और उनकी स्मृति हमारी प्रेरणा है”

नई दिल्ली। कैप्टन विक्रम बत्रा की जयंती पर ग्रामीण सत्ता पंचायतीराज संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष विवेक चन्द्र अवस्थी ने कारगिल युद्ध के अमर शहीद को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि यह दिवस देश की रक्षा के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले उस वीर सपूत को नमन करने का अवसर है, जिसने अदम्य साहस से राष्ट्र का गौरव बढ़ाया।
श्री अवस्थी ने कहा कि कारगिल की दुर्गम और बर्फीली चोटियों पर कैप्टन बत्रा ने असाधारण वीरता का परिचय देते हुए भारतीय सेना के शौर्य की अमिट मिसाल कायम की। उनके शब्द—“मैं तिरंगा लहराकर आऊँगा, या उसमें लिपटकर आऊँगा।”—आज भी देशवासियों में राष्ट्रभक्ति और साहस का संचार करते हैं। उनका युद्धघोष “ये दिल माँगे मोर” भी युवाओं के लिए जज़्बे और संकल्प का प्रतीक बन चुका है।
उन्होंने कहा कि विक्रम बत्रा भारतीय अस्मिता, वीरता और राष्ट्रनिष्ठा के प्रतीक हैं। उनका जीवन आने वाली पीढ़ियों को यह संदेश देता है कि राष्ट्रहित सर्वोपरि है और देश की रक्षा के लिए दिया गया बलिदान सदैव सम्मानित रहता है।
इस अवसर पर उन्होंने देशवासियों से कैप्टन बत्रा के आदर्शों को आत्मसात करने और अपने कर्तव्यों का पूरी निष्ठा से निर्वहन करने का संकल्प लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि उनकी स्मृति को जीवित रखना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।
जय हिन्द! जय भारत! वंदे मातरम्! 🇮🇳
