
प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (PM-AJAY): आदर्श ग्राम विकास में उत्तर प्रदेश अव्वल: चार वर्षों में 22 राज्यों के 13,959 गांवों में 1.74 लाख विकास कार्य चिह्नित, 43,802 कार्य पूरे; उत्तर प्रदेश में सर्वाधिक 41,949 कार्य चिह्नित।
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (PM-AJAY) के अंतर्गत संचालित ‘आदर्श ग्राम’ घटक के तहत देश के अनुसूचित जाति बहुल गांवों में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार और सामाजिक-आर्थिक विकास की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति दर्ज की गई है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, पिछले चार वर्षों में 22 राज्यों के 13,959 गांवों में कुल 1.74 लाख विकास कार्य चिह्नित किए गए हैं, जिनमें से अब तक 43,802 कार्य पूरे हो चुके हैं।
इस (PM-AJAY) अभियान में उत्तर प्रदेश सबसे आगे रहा है। राज्य में सर्वाधिक 41,949 विकास कार्य चिह्नित किए गए, जिनमें से 2,282 कार्य पूर्ण हो चुके हैं। कार्यों की औसत पूर्णता दर 5.5 प्रतिशत बताई गई है। आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2025-26 के दौरान उत्तर प्रदेश में 2,093 नए गांवों का चयन भी किया गया।
बुनियादी सुविधाओं से आजीविका तक विकास का लक्ष्य
(PM-AJAY) योजना के अंतर्गत उन गांवों को पात्र माना जाता है, जहां अनुसूचित जाति की आबादी 40 प्रतिशत से अधिक और कुल आबादी कम से कम 500 हो। चयनित गांवों में पेयजल, स्वच्छता, शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, सामाजिक सुरक्षा, सड़क, आवास, बिजली, कृषि, वित्तीय समावेशन और आजीविका जैसे क्षेत्रों में विकास कार्यों पर जोर दिया जाता है।
गांवों की प्रगति का आकलन 10 क्षेत्रों के 50 निगरानी योग्य संकेतकों के आधार पर किया जाता है। किसी गांव को ‘आदर्श ग्राम’ घोषित करने के लिए निर्धारित मानकों पर 100 में से कम से कम 70 अंक प्राप्त करना तथा खुले में शौच मुक्त होना आवश्यक बताया गया है।
अन्य राज्यों में भी विकास कार्य जारी
(PM-AJAY) उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, तमिलनाडु में 33,881 विकास कार्य चिह्नित किए गए, जिनमें 6,856 पूरे हुए। मध्य प्रदेश में 19,924 कार्य चिह्नित किए गए, जिनमें 6,034 पूर्ण हुए। ओडिशा में 8,642 और कर्नाटक में 6,901 कार्य पूरे होने की जानकारी दी गई है। इस अभियान के तहत 446 गांवों को ‘आदर्श ग्राम’ घोषित किया जा चुका है।
चार वर्षों में 917 करोड़ रुपये से अधिक जारी
आदर्श ग्राम घटक के अंतर्गत पिछले चार वर्षों में कुल 917.22 करोड़ रुपये जारी किए जाने की जानकारी दी गई है। (PM-AJAY) योजना का उद्देश्य गांवों में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करते हुए सामाजिक न्याय, समान अवसर और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना है।
ग्रामीण विकास की इस पहल से अपेक्षा है कि गांवों में बुनियादी सुविधाओं के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और आजीविका के अवसरों को मजबूती मिलेगी तथा समावेशी ग्रामीण विकास को नई गति प्राप्त होगी।
